PTB News

Latest news
ਲਾਇਲਪੁਰ ਖ਼ਾਲਸਾ ਕਾਲਜ ਦੇ ਐਮ.ਏ. (ਭੂਗੋਲ) ਦੇ ਸਮੈਸਟਰ ਚੌਥਾ ਦੇ ਵਿਦਿਆਰਥੀਆਂ ਦਾ ਨਤੀਜਾ ਰਿਹਾ ਸ਼ਾਨਦਾਰ, पी सी एम एस डी कॉलेज फॉर विमेन, जालंधर की B.P.E.S. I की छात्राओं ने शानदार प्रदर्शन किया, एलपीयू में पढ़ने वाले 58 भारतीय खिलाड़ी जापान में होने वाले एशियन गेम्स 2026 में 15 खेलों में भारत क... रयात बाहरा प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी में राष्ट्रीय फार्मेसी सप्ताह एवं विश्व फार्मासिस्ट दिवस 2026 का भव... पंजाब में कारोबारी ने फ्री iPhone के लिए 10 महिलाओं के नाम निकाला ड्रॉ, मिलेगा आईफोन-17 साबुन-शैम्पू-टूथपेस्ट वेज हो या नॉनवेज? केंद्र सरकार ने बदल दिए नियम, अब ऐसे होगा खुलासा GNA University ने “आभार 2026” – अकादमिक उत्कृष्टता पुरस्कार समारोह का आयोजन कर शिक्षकों को किया सम्म... कुल्लू में हुआ बड़ा हादसा, 200 मीटर गहरी खाई में गिरी कार, 4 लोगों की मौत, 1 की हालत नाजुक कनाडा में पढ़ाई पूरी कर चुके विद्यार्थियों के लिए उम्मीद की नई किरण बना RS Global CM ने किया बड़ा ऐलान, विधवाओं के बच्चों को 27 साल तक मिलेंगे 1000 रुपए प्रतिमाह

यूक्रेन का दूसरा न्यूक्लियर पावर प्लांट भी हुआ तबाह, रेडिएशन के लीक होने का खतरा बढ़ा

ukraine second nuclear power plant destroyed in russian attack increased risk of radiation leaks

PTB Big News कीव : यूक्रेन में 13वें दिन भी रूसी हमले जारी है। इस युद्ध में यूक्रेन का दूसरा न्यूक्लियर पावर प्लांट तबाह हो गया है। अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी के मुताबिक अभी तक रेडिएशन के लीक होने की खबर नहीं है, लेकिन खतरा बना हुआ है। रूस ने 3-4 मार्च को नीपर नदी के पास दक्षिण पूर्वी यूक्रेन में मौजूद जापोरिजिया परमाणु प्लांट पर गोलाबारी की और इसे अपने कब्जे में ले लिया। गोलाबारी की वजह से यहां पर आग लग गई थी। हालांकि बाद में आग पर काबू पा लिया गया था, मगर रेडिएशन का खतरा बना हुआ था।

वही, रूसी सेना ने 24 फरवरी को यूक्रेन पर हमले के पहले दिन ही चेर्नोबिल परमाणु ऊर्जा प्लांट पर कब्जा कर लिया था। कीव के उत्तर में मौजूद चेर्नोबिल प्लांट में 1986 में दुनिया की सबसे भीषण परमाणु आपदा देखने को मिली थी। इसके बाद से ही चेर्नोबिल पूरी तरह से खाली पड़ा हुआ था। रूस द्वारा लगातार किए जा रहे हमलों की वजह से प्लांट की सुरक्षा को लेकर खतरा पैदा हो गया है। अगर रूसी सेना की तरफ से हमले के दौरान लापरवाही बरती गई, तो हालात भयावह हो सकते हैं।

बीते 13 दिनों से लगातार हो रहे गोलाबारी ने पूरे देश को बर्बाद कर दिया है। एक तरफ जहां यूक्रेन रूस, दोनो देशों में से कोई भी एक झुकने को तैयार नहीं है वहीं दूसरी तरफ रूस के इस तरह हमले से कई देश उसके खिलाफ हो रहे हैं। इस बीच रूस ने नागरिकों को निकालने के लिए सोमवार सुबह से संघर्ष-विराम के साथ कई क्षेत्रों में मानवीय गलियारों को खोलने की घोषणा की है। हालांकि, निकासी मार्ग ज्यादातर रूस और उसके सहयोगी देश बेलारूस की ओर जा रहे है। यह तुरंत स्पष्ट नहीं है कि क्या नागरिकों को निकाला जा रहा है। गलियारों की नई घोषणा के बाद भी रूसी सेना ने कुछ यूक्रेनी शहरों पर रॉकेट हमला जारी रखा और कुछ क्षेत्रों में भयंकर लड़ाई जारी रही।