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इस प्रसिद्ध ट्रैवल एजैंट के बैंक लॉकर से बरामद हुई आपत्तिजनक सामग्री व 70.10 लाख रुपए, जाने पूरा मामला,

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PTB Big न्यूज़ लुधियाना : सेंट्रल ब्यूरो ऑफ़ इन्वेस्टीगेशन (सी.बी.आई.) ने नई दिल्ली स्थित फ्रांसीसी एम्बेसी में वीजा धोखाधड़ी की चल रही जांच में लुधियाना स्थित एक एजेंट के परिसरों की तलाशी ली है। तलाशी दौरान एजैंट के पास से आपत्तिजनक सामग्री बरामद की गई और बैंक लॉकर से लगभग 70.10 लाख रुपए (2000 रुपए के नोटों के डिनोमिनेशन में) की नकदी भी बरामद की गई।

सी.बी.आई. सूत्रों के अनुसार वीजा धोखाधड़ी मामले की जांच के दौरान एप्लिकेंट को शेंगेन वीजा जारी करने की सुविधा में लुधियाना के माछीवाड़ा स्थित एक एजेंट बलविंदर सिंह की शमूलियत सामने आई। यह आरोप लगाया गया है कि उन्होंने फ्रांस के एम्बेसी नई दिल्ली से शेंगेन वीज़ा प्राप्त करने के लिए प्रत्येक वीज़ा एप्लिकेंट से 25 लाख से लेकर 45 लाख रुपए तक नकद राशि एकत्र की। सीबीआई ने दिसंबर 2022 में एम्बेसी में वीजा धोखाधड़ी चलाने के आरोप में फ्रांस के एम्बेसी,

नई दिल्ली के वीज़ा विभाग में दो पूर्व कर्मचारियों सहित 6 प्राइवेट व्यक्तियों के खिलाफ मामला दर्ज किया था। मामले में सी.बी.आई द्वारा दर्ज की गई एफ.आई.आर. के अनुसार एम्बेसी के वीजा विभाग में काम करने वाले दो आरोपियों ने साजिश रची और 1 जनवरी 2022 से 6 मई 2022 की अवधि के दौरान वीजा धोखाधड़ी को अंजाम दिया। एप्लीकेंट्स द्वारा संपर्क किए जाने पर एम्बेसी में वीजा विभाग के उक्त दो अधिकारियों ने कथित तौर पर

अवैध रिश्वत (50,000 प्रति वीजा) लेने के बाद तीन अन्य आरोपियों के पक्ष में एंट्री वीजा जारी कर दिया। यह भी आरोप लगाया गया कि एंट्री वीजा जारी करने के बाद उक्त दोनों अधिकारियों ने वीजा विभाग में उन एप्लिकेंट के रिकॉर्ड को डिस्प्लेस्ड कर दिया और नष्ट कर दिया, जिन्हें उन्होंने पैसे के बदले वीजा जारी किया था। अधिकारियों ने बताया कि उक्त एजेंट पर बनती कार्रवाई की जाएगी।

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