PTB City न्यूज़ जालंधर (एडिटर-इन-चीफ) राणा हिमाचल : जालंधर नगर निगम का कार्यकाल 25 जनवरी को खत्म हो जाएगा, लेकिन अभी तक निगम की हद में जुड़े नए क्षेत्रों की वजह से अभी तक ना तो वार्डबंदी का काम पूरा हो सका और ना ही स्थानीय निकाय विभाग चुनाव को लेकर अभी किसी तारीख पर कोई फैसला ले पाया है / इतना ही नहीं कार्यकाल समापन से पहले हाउस की अंतिम बैठक होनी है या नहीं इसके बारे में अभी संशय ही बना हुआ है /
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देखा जाये तो पिछले महीने दिसंबर में ही नए जुड़े क्षेत्रों और वार्डबंदी का काम पूरा हो जाना चाहिए था, इसके बाद पिछले साल के अंतिम सप्ताह में ही शहर की नई सरकार बनाने के लिए चुनाव का नोटिफिकेशन भी हो जाना चाहिए था, लेकिन मौजूदा समय में जिस तरह से वार्डबंदी से लेकर घर-घर जाकर सर्वे करने का काम जिस गति से चला हुआ है उससे अगले महीने फरवरी में भी चुनाव कराए जाने की संभावना पर अभी नहीं बन पा रही है /
नगर निगम का पांच साल का समय पूरा हो जाने के बावजदू इन पांच सालों के दौरान हुए निगम में करोड़ों के घोटालों की ना तो जांच हुई और ना ही पांच साल के दौरान शुरू हुए कई प्रोजेक्टों का काम पूरा हो सका / पांच साल तक शहर का अंधेरा दूर करने के लिए लगाई जाने वाली LED लाइटों को लगाने में हुए घोटाले की जांच को लेकर लगातार तब तक हल्ला मचा रहा जब तक विधानसभा चुनाव नहीं हो गए / उसके बाद चाँद मीडिया कर्मियों को साथ लेकर मौजूदा सरकार के दिग्गज नेताओं ने घोटालों की पोल खोलने को लेकर सुर्खियां तो बटोरीं लेकिन न तो कोई आज तक करवाई हुई और ना ही किसी घोटाले का सच सामने आ सका /
लेकिन इस घोटाले से जुड़े लोगों का PTB News पर्दा जल्द उठाएगा और उनके साथ जो पूर्व दिग्गज नेता इस घोटाले में साथ दे रहे थे, उसका भी खुलकर खुलासा करेगा / यही नहीं इन घोटालों का अभी तक जो जीकर हो रहा था उसे पोल खोल के बाद किस मोल भाव में बंद कर दिया गया इसका भी पूरा खुलासा होना अभी बाकि है ताकि जनता को भी पता चले की किन दिग्गज नेताओं के राजदारों ने और किन-किन चम्मचों ने इस घोटाले का पर्दाफाश न करने की सूरत में कितनई मलाई किससे खाई है /
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लेकिन मौजूदा सरकार के दिग्गज नेताओं का बहुत समय बाकि है लेकिन उनके चम्मचों का बुरा हाल तो आगामी निगम चुनावों में ही होने वाला है, जो लगातार चमचागिरी कर नेताओं की चप्पल चाट रहे हैं और मोटी मलाई अपने वार्ड में खा रहे हैं, इसका सबसे बड़ा नमूना है उनके ही इलाकों में हो रहे अवैध निर्माण जिनकी भजन न तो वह दिग्गज नेताओं को लगने दी जा रही है और उनके पीछे का खेल एक नेता को ठोकर मारकर आये नए-नए PA बखूबी रूप से संभाल रहे हैं /
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यही नहीं हैरानी की बात यह है कि पिछले पांच साल में जिन प्रोजेक्टों का काम पूरा नहीं हो पाया है उस काम की और मौजूदा सरकार के दिग्गज नताओं ने कोई सुध नहीं ली और आम जनता परेशान लाचार होकर लगातार कभी दिग्गज नेताओं को कभी नए-नए PA और चम्मचों को जब फ़ोन करती है तो एक ही जवाब मिलता है जल्द ही आपका काम हो जायेगा / यही नहीं शहर के अडेंटीफाइड ब्लैक स्पाट बिना लाइट के ही हैं / प्रोजेक्ट के कंट्रोल रूम का भी अभी तक कोई अता-पता नहीं है, ऐसे में सवाल यह उठता है की मौजूदा सरकार अगर इन 10 महीनों में कुछ अभी तक नहीं कर पा रही है तो क्या निगम चुनावों के बाद अगर उनका मेयर बनजाता है तो क्या कर पायेगी, यह बड़ा सवाल है /






































