PTB News “शिक्षा” : भारत की विरासत एवं ऑटोनॉमस संस्था, कन्या महा विद्यालय, जालंधर के द्वारा साइबर जागरूकता दिवस मनाया गया. इस अवसर पर विशेष रूप से साइबर हाइजीन सेशन आयोजित किया गया जिसमें विद्यालय के पोस्ट ग्रैजुएट डिपार्टमेंट ऑफ कंप्यूटर साइंस एंड एप्लीकेशंस की अध्यक्षा डॉ. सुमन खुराना ने बतौर स्रोत वक्ता शिरकत की.
छात्राओं से संबोधित होते हुए उन्होंने सबसे पहले जहां मौजूदा युग में डिजिटल टेक्नोलॉजी के उपयोग एवं साइबर स्पेस के बारे में जानकारी दी वहीं साथ ही उन्होंने दिन प्रतिदिन बढ़ रहे साइबर क्राइम पर भी विस्तार से प्रकाश डाला. प्रत्येक वर्ष साइबर क्राइम में फंस रहे लाखों भारतीयों की गिनती को चिंताजनक बताते हुए उन्होंने भारत को समूचे एशिया में साइबर क्राइम से प्रभावित तीन देशों में से एक बताया.
विषय के विस्तार में जाते ही उन्होंने ई-मेल, इंटरनेट, पहचान आदि के धोखे के बारे में बात करने के इलावा औरतों को साइबर खतरे, साइबर हैरासमेंट, साइबर स्टॉकिंग, साइबर मानहानि, मॉर्पिंग, पोरनोग्राफी,सपूफिंग, फिशिंग, मैट्रिमोनियल धोखे आदि से भी सभी को अवगत करवाया इसके अलावा उन्होंने साइबर सुरक्षा को यकीनन बनाते कानूनों के बारे में जानकारी देने के साथ-साथ साइबर क्राइम को रोकने के लिए पूरी चौकसी का उपयोग करते हुए कुछ ज़रूरी पहलू भी सांझा किए.
साथ ही छात्राओं के द्वारा पूछे गए विभिन्न सवालों के जवाब भी बेहद सरल ढंग से दिए. विद्यालय प्रिंसिपल प्रो. अतिमा शर्मा दिवेदी ने डॉ. सुमन खुराना के द्वारा विषय की विस्तृत जानकारी प्रदान करने के लिए किए गए प्रयासों की सराहना की और कहा कि मौजूदा समय में जहां ज्यादा से ज्यादा काम टेक्नोलॉजी पर आधारित है वही साइबर क्राइम के बढ़ने का खतरा निरंतर रहता है और इस संबंध में जागरूकता फैलाने हम सब की मौलिक जिम्मेदारी है.








































