पीटीबी पोलिटिकल न्यूज़ चंडीगढ़ : पंजाब सरकार भी दिल्ली सरकार की तरह बुरे हालत से गुजर रही है। इसका मुख्य कारन यह है कि पंजाब के गवर्नर बनवारी लाल पुरोहित और मान सरकार के बीच में चली आ रही खींचतान, यह वैसे ही हालत हैं जैसे दिल्ली में किसी समय हुआ करते थे और रोज दिल्ली सरकार के बड़े नेता LG ऑफिस के अंदर कभी बाहर धरना लगा रखते थे। ऐसे में अब जब पंजाब बजट सेशन की मंजूरी नहीं मिली तो आप सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में एक याचिका दायर की है,
जिसकी सुनवाई आज हो सकती है। दरअसल यह याचिका पंजाब के गवर्नर बीएल पुरोहित के बजट सेशन की मंजूरी नहीं देने पर पंजाब सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की है। आपको यह भी बता दें कि पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने 3 मार्च को विधानसभा बजट सेशन की मंजूरी के लिए गवर्नल बीएल पुरोहित को रिक्वेस्ट लेटर लिखा था, लेकिन गवर्नर ने 13 फरवरी को CM मान द्वारा उन्हें लिखे गए लेटर का हवाला देकर कानूनी राय के बाद बजट सेशन की मंजूरी बारे सोचने की बात कही थी।

पंजाब गवर्नर बनवारी लाल पुरोहित ने CM पंजाब भगवंत मान द्वारा उन्हें लिखे गए लेटर को असंवैधानिक और अपमानजनक बताया है साथ ही कहा है कि वह मामले में कानूनी राय लेंगे और इसके बाद उनके लेटर का जवाब भी देंगे। गौरतलब है कि पंजाब के सरकारी टीचरों को सिंगापुर ट्रेनिंग पर भेजने के मुद्दे पर गवर्नर बनवारी लाल पुरोहित और CM भगवंत मान एक-दूसरे के आमने-सामने हुए थे। CM मान ने गवर्नर का नाम लिए बिना तंज कसते हुए यह भी कहा था कि पंजाब के फैसले जनता द्वारा चुने (इलेक्टेड) लोग लेंगे, सिलेक्टेड नहीं।
CM मान ने गवर्नर को 13 फरवरी को लेटर भी भेजा था। इसमें उन्होंने लिखा- मैं स्पष्ट करना चाहता हूं मैं और मेरी सरकार 3 करोड़ पंजाबियों को जवाबदेह है। आपने मुझे पूछा है कि सिंगापुर में ट्रेनिंग के लिए टीचरों का चुनाव किस आधार पर किया है? पंजाब के लोग पूछना चाहते हैं कि भारतीय संविधान में किसी स्पष्ट योग्यता के बिना केंद्र सरकार द्वारा अलग-अलग राज्यों में राज्यपाल किस आधार पर चुने जाते हैं। यह बताकर पंजाबियों की जानकारी बढ़ाई जाए।
पंजाब गवर्नर बीएल पुरोहित के CM मान को लिखे लेटर में उनके द्वारा पूछे गए सवालों का भी उल्लेख किया गया है, साथ ही इन्हें असंवैधानिक बताते हुए कानूनी सलाह के बाद जवाब देने को कहा है। इसके बाद से ही गवर्नर और CM पंजाब के बीच तल्खी बढ़ने का अंदेशा था।








































