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अचानक गिरी स्कूल की बिल्डिंग, 7 बच्चों की हुई मौत, 28 मासूम घायल,

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PTB Sad न्यूज़ अकलेरा : झालावाड़ में सरकारी स्कूल की बिल्डिंग का हिस्सा गिरने अब तक7 बच्चों की मौत हुई है, 9 अब भी गंभीर घायल हैं। जिले के मनोहरथाना ब्लॉक के पीपलदा सरकारी स्कूल में शुक्रवार सुबह एक क्लासरूम ढह गया। इसमें पढ़ाई कर रहे 35 बच्चे दब गए थे। गंभीर घायलों को झालावाड़ जिला हॉस्पिटल में एडमिट कराया गया है। हादसे को लेकर दो टीचर्स पर लापरवाही के आरोप लग रहे हैं।

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स्कूल में मौजूद एक स्टूडेंट ने बताया कि छत गिरने से पहले कंकड़ गिर रहे थे। इसकी जानकारी टीचर का भी दी थी, लेकिन उन्होंने इस ओर ध्यान नहीं दिया। टीचर्स और ग्रामीणों की मदद से सभी घायलों को बाहर निकाला गया। मनोहरथाना हॉस्पिटल के अनुसार 5 बच्चों की मौत मौके पर ही हो गई थी। हादसे को लेकर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने दुख जताया है।

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कलेक्टर और स्कूली छात्रा के बयान से 2 बड़ी लापरवाही सामने आई:–

1. कलेक्टर के मुताबिक स्कूल शिक्षा विभाग को पहले ही निर्देश दिए गए थे कि जो भी जर्जर भवन हो वहां स्कूलों की छुट्टी कर दी जाए, लेकिन खुद कलेक्टर कह रहे हैं कि ना तो यह स्कूल जर्जर भवन की सूची में था और ना ही यहां बच्चों की छुट्टी की गई। 2. स्कूल में पढ़ने वाली बच्ची वर्ष राज क्रांति ने बताया की छत गिरने से पहले कंकड़ गिर रहे थे, बच्चों ने बाहर खड़े टीचर्स को इसकी जानकारी दी,

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लेकिन उन्होंने इस पर ध्यान ही नहीं दिया और थोड़ी देर बाद ही छत गिर गई। गांववालों ने बताया कि इस स्कूल में कुल 7 क्लासरूम हैं। हादसे के दौरान स्कूल के दो क्लासरूम में 71 बच्चे थे। जिस क्लासरूम में हादसा हुआ, उसमें 7वीं क्लास के बच्चे पढ़ाई कर रहे थे। स्कूल में दो टीचर भी मौजूद थे, लेकिन दोनों हादसे के दौरान बिल्डिंग से बाहर थे। पांच मृतकों की पहचान हो चुकी है।

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